लखनऊ, 13 मार्च 2026: उत्तर प्रदेश पुलिस भर्ती एवं प्रोन्नति बोर्ड (UPPRPB) ने सोशल मीडिया पर सब-इंस्पेक्टर (SI) भर्ती परीक्षा के प्रश्न पत्र लीक होने के भ्रामक दावों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की है। बोर्ड ने गुरुवार को हुसैनगंज पुलिस स्टेशन में एक एफआईआर दर्ज कराई, जिसमें टेलीग्राम चैनलों पर अभ्यर्थियों को पैसे लेकर परीक्षा का पेपर देने का झांसा देकर ठगी करने का मामला सामने आया है। यह कार्रवाई परीक्षा की निष्पक्षता और पारदर्शिता बनाए रखने के उद्देश्य से की गई है।
बोर्ड के सोशल मीडिया सेल के इंस्पेक्टर सतेंद्र कुमार ने शिकायत दर्ज कराई। निरंतर निगरानी के दौरान पता चला कि परीक्षा से ठीक पहले तीन टेलीग्राम चैनलों — ‘UP SI UP POLICE-2026’, ‘RESULT PANEL PVT TM’ और ‘UP SI EXAM PAPER UP SI-2026’ — पर संदिग्ध गतिविधियां चल रही थीं। इन चैनलों ने सब-इंस्पेक्टर डायरेक्ट रिक्रूटमेंट-2025 परीक्षा (जिसे आमतौर पर UP SI 2026 परीक्षा कहा जा रहा है) का प्रश्न पत्र उपलब्ध कराने का दावा किया। अभ्यर्थियों से 10,000 से 20,000 रुपये तक की राशि मांगी जा रही थी।
एक चैनल पर UPI आईडी (Armancena687@okicici) साझा कर 20,000 रुपये जमा करने को कहा गया। दूसरे चैनल ने QR कोड के माध्यम से Google Pay से 10,000 रुपये एडवांस और परीक्षा के बाद बाकी राशि मांगी। तीसरे चैनल ने Airtel Payments Bank अकाउंट का विवरण देकर इसी तरह की मांग की। बोर्ड के अधिकारियों के अनुसार, ये संदेश अभ्यर्थियों को गुमराह करने और अवैध आर्थिक लाभ कमाने के इरादे से फैलाए जा रहे थे। ऐसे प्रयास परीक्षा की अखंडता को प्रभावित कर सकते हैं और पूरी भर्ती प्रक्रिया को बाधित कर सकते हैं।
यह परीक्षा 14 और 15 मार्च 2026 को दो शिफ्टों में आयोजित होने वाली है, जिसमें लगभग 15 लाख से अधिक अभ्यर्थी भाग ले रहे हैं। बोर्ड ने पहले से ही सोशल मीडिया पर सतर्क निगरानी बढ़ा रखी है और पेपर लीक या किसी भी प्रकार की अनुचित गतिविधि की सूचना देने के लिए व्हाट्सएप हेल्पलाइन और ईमेल जारी किए हैं। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि परीक्षा पूरी सुरक्षा के साथ और निष्पक्ष रूप से आयोजित की जा रही है। कोई भी लीक का दावा आधारहीन है और ऐसे फर्जी दावों में शामिल लोगों पर कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
बोर्ड के प्रवक्ता ने कहा, “अभ्यर्थियों से अपील है कि वे ऐसे फर्जी चैनलों और संदेशों पर भरोसा न करें। परीक्षा की तैयारी पर ध्यान केंद्रित करें और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत बोर्ड को दें।” यह एफआईआर सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम, भारतीय न्याय संहिता की धाराओं और परीक्षा अनुचित साधनों की रोकथाम संबंधी कानूनों के तहत दर्ज की गई है। जांच अब साइबर सेल द्वारा की जा रही है।
अभ्यर्थियों के लिए महत्वपूर्ण सलाह
UPPRPB ने बार-बार चेतावनी जारी की है कि सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे फर्जी पेपर या लीक के दावे पूरी तरह आधारहीन हैं। परीक्षा शुरू होने के बाद भी कुछ फर्जी प्रश्न पत्र वायरल हुए, जिन्हें बोर्ड ने तुरंत फर्जी बताया। अभ्यर्थियों को सलाह दी जाती है कि केवल आधिकारिक वेबसाइट और नोटिस पर भरोसा करें। ऐसे स्कैम से बचने के लिए कोई भी पेमेंट लिंक या QR कोड पर क्लिक न करें।
यह घटना सरकारी भर्ती परीक्षाओं में बढ़ती साइबर ठगी की प्रवृत्ति को उजागर करती है। बोर्ड की त्वरित कार्रवाई से परीक्षा की विश्वसनीयता बनी रहेगी और ईमानदार अभ्यर्थियों के हितों की रक्षा होगी। UP SI भर्ती 2026 एक बड़ा अवसर है, जिसमें पारदर्शिता बनाए रखना बोर्ड की प्राथमिकता है।
अधिक जानकारी के लिए उत्तर प्रदेश पुलिस भर्ती एवं प्रोन्नति बोर्ड की आधिकारिक वेबसाइट देखें या हेल्पलाइन पर संपर्क करें। परीक्षा की सफलता के लिए शुभकामनाएं!
